यूपी: 2030 तक IT Export दोगुना, Tier-2 शहर बनेंगे नए IT-Hub
Uttar Pradesh का लक्ष्य: 2030 तक भारत के IT-export में हिस्सेदारी दोगुनी — Varanasi सहित टियर-2 शहर भी आगे
उत्तर प्रदेश सरकार ने IT सेक्टर के लिए एक महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया है: 2030 तक राज्य की IT-export हिस्सेदारी को वर्तमान लगभग 5% से बढ़ाकर 10% करना। इस लक्ष्य के तहत नोएडा और लखनऊ के साथ-साथ वाराणसी, कानपुर और आगरा जैसे टियर-2 शहरों को भी नए IT-हब के रूप में विकसित किया जाएगा।
सरकार का कहना है कि यूपी में विशाल युवा कार्यबल, मजबूत तकनीकी टैलेंट, बड़ी आबादी और तेजी से बढ़ते स्मार्टफोन/इंटरनेट उपयोग जैसे कारक IT सेक्टर को आगे बढ़ाने के लिए अनुकूल हैं। इसी कारण IT-infrastructure, incubators, coworking spaces और startup-centric प्रोत्साहन इन शहरों में बढ़ाए जाएंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह योजना सफल हुई तो उत्तर प्रदेश उत्तर-पश्चिम भारत में IT-hub के तौर पर उभर सकता है—जिससे रोजगार, कौशल-विकास और आर्थिक वृद्धि में बड़ा उछाल आएगा।
वाराणसी जैसे शहरों के लिए यह रणनीति पर्यटन, संस्कृति और स्थानीय व्यापार के साथ स्वाभाविक तालमेल पैदा कर सकती है। खासकर युवाओं के लिए यह अवसर है कि वे बाहरी शहरों में जाने के बजाय अपने ही शहर में IT नौकरियों का लाभ उठा सकें।
हालाँकि, इस लक्ष्य को पाने के लिए बेहतर ब्रॉडबैंड, स्थिर बिजली, coworking मॉडल, प्रशिक्षण कार्यक्रम और निवेश आकर्षित करने जैसे मजबूत कदम आवश्यक होंगे।
यदि योजना सफल रहती है, तो 2035 तक IT-export हिस्सेदारी को 16% और 2047 तक 20% तक बढ़ाने की रणनीति भी तैयार की गई है—जिससे यूपी भारत के IT मानचित्र पर एक महत्वपूर्ण केंद्र बन सकेगा।

